उत्तराखंड के चमोली में स्थित हेमकुंड साहिब की चढ़ाई 15 किलोमीटर है जिसे आप पैदल या तो घोड़े खच्चर की मदद से पूरी कर सकते हैं। यहां पर घोड़े का रेट 15 किलोमीटर ऊपर और नीचे करने का लगभग 4300 है। अगर आप 9 किलोमीटर ऊपर चढ़कर गागरिया से घो

हेमकुंड साहिब कैसे पहुचें?

घांघरिया से फूलों की घाटी कैसे जाएं?

अगर आप अगर आप हेमकुंड साहिब के साथ साथ फूलों की घाटी भी जाना चाहते हैं तो आपको घांघरिया से फूलों की घाटी के लिए निकलना होगा। घांघरिया से फूलों की घाटी की दूरी 4 किलोमीटर है। आपको गागरिया से फूलों की घाटी जाते समय सबसे पहले एक वन विभाग की चौकी मिलेगी जहां पर आपसे थोड़ा बहुत पूछताछ की जाएगी और आपका ऊपर जाने के लिए पास बनाया जाएगा और आपके पास जो भी मौजूदा सामान है उसकी एंट्री यहां पर की जाएगी।

सिखों का सबसे बड़ा गुरुद्वारा कौन सा है?

सिखों का सबसे बड़ा गुरुद्वारा भारत के पंजाब राज्य के अमृतसर शहर में स्वर्ण मंदिर जिसे आमतौर पर लोग गोल्डन टेंपल के नाम से या हरमिंदर साहिब गुरुद्वारे के नाम से भी जाना जाता है। यह भारत का सबसे बड़ा गुरुद्वारा है। यहां पर लाखों की संख्या में लोग आते हैं और ऐसा माना जाता है कि दुनिया का सबसे बड़ा रसोईघर भी यहीं पर है क्योंकि, यहां पर हर दिन हजारों, लाखों लोगों का लंगर तैयार किया जाता है। इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि वहां पर कितना बड़ा रसोईघर होगा और कितने बड़े-बड़े वहां पर खाना बनाने के बर्तन होंगे।

ऋषिकेश से गोविंदघाट पहुचने में कितना समय लगेगा?

ऋषिकेश से गोविंदघाट की दूरी लगभग 266 किलोमीटर है। जिसमें आपको ऋषिकेश से गोविंदघाट पहुंचने में 8 से 10 घंटे लग जाते हैं क्योंकि, पहाड़ी इलाका होने की वजह से यहां पर आप गाड़ी की स्पीड 60 से 80 के बीच में ही रख पाएंगे। इससे ज्यादा रफ्तार में आप यहां पर गाड़ी नहीं चला सकते इसलिए आपको इतना समय आराम से लग जाएगा।

गोविंद घाट से पैदल यात्रा कैसे करें?

अब आप की पैदल यात्रा गोविंदघाट से शुरू होती है गोविंदघाट से। आपको चार-पांच किलोमीटर और आगे तक बाइक या गाड़ी से जाना होता है  यहां पर एक गांव पड़ता है वहां पर आपको अपनी गाड़ियां बाइक पार्क करनी होती है फिर यहां से आपको 15 किलोमीटर की चढ़ाई चढ़कर हेमकुंड साहिब के दर्शन होंगे।